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टमाटर के ये उपयोग आपको गोरा बना देंगे

नमस्कार मैं हूं योगी योगेन्द्र जैसा कि आप जानते हैं कि टमाटर को एक सब्जी के रूप में खाया जाता है। वैसे टमाटर सलाद में कच्चा खाना भी बहुत पसंद किया जाता है। इसका पौधा ज्यादा बड़े आकार का नहीं होता है। टमाटर हरे रंग का पैदा होता है बाद में पककर लाल हो जाता है। १९२८ में करीब ९० साल पूर्व टमाटर का उपयोग भारत में पहली बार हुआ था। भारत के अलावा अमेरिका और यूरोप में भी टमाटर काफी मात्रा में मिलता है। इसका स्वद कुछ खट्टा और मीठा होता है। इसमें विटामिन ए बी सी पाए जाते हैं। आज हम आपको टमाटर से होने वाले लाभ के बारे में बताएंगे।



शरीर का दुबलापन समाप्त करता है
अगर आप दुबले पतले हैं तो आप सामने वाले व्यक्ति पर प्रभाव नहीं जमा पाते हैं। शरीर को फिट रखने के लिए आप दो टमाटर एक केला और एक चम्मच घी एक कटोरी में चारों तरफ देसी घी लगाएं। उसमें टमाटर और केले को काटकर अच्छी तरह से मिलाएं। सुबह की पहली चपाती इसके साथ ही खाएं। एक माह नियमित रूप से इस उपाय को करने से आपका शरीर काफी अच्छा दिखने लगेगा।

सौंदर्य को बढ़ाता है
अगर आप अपने चेहरे के रंग या निखार से संतुष्ट नहीं हैं तो आप टमाटर के ये उपयोग करने के बाद अपने चेहरे पर चमक और गोरापन ला सकते हैं। इसके लिए चेहरे पर सुबह रोजाना टमाटर को काटकर रगडऩा चाहिए। इससे चेहरे की झाईयां दाग धब्बे ठीक हो जाते हैं। इसके अलावा टमाटर का रस लौकी का रस सेंधा नमक खीरे का रस और शहद को मिलाकर चेहरे पर कुछ देर के लिए नियमित रूप से लगाएं बाद में ताजा पानी से धोएं। आप अपने चेहरे पर कमाल का गोरापन देखेंगे।

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तिल के इस तरह सेवन करने से होते हैं कमाल के फायदे

नमस्कार मैं हूं योगी योगेन्द्र जैसा कि आप जानते हैं कि तिल कई प्रकार के होते हैं। इनमें काले तिल और सफेद तिल मुख्य हैं। तिल की तासीर गर्म होती है और तिल से तेल भी निकाला जाता है जो सर्दियों में खाया जाता है। तिल की खेती पूरे भारत वर्ष में होती है। औषधी के प्रयोग में कालातिल ही काम में लिया जाता है। यह स्वाद में चरपरा मीठा और कसैला होता है और इसमें लौह कैल्शियम फॉस्फोरस काफी मात्रा में मिलता है। आज हम आपको तिल से होने वाले फायदों के बारे में बतांएगें।



दिमाग को तेज करता है
चार सौ ग्राम तिल सौ ग्राम बादाम सौ ग्राम मुनक्का सौ ग्राम पीपल और सौ ग्राम नारीयल लें। इन सभी को कूटकर आपस में मिलाकर सेवन करने से आपकी पाचन शक्ति बढ़ जाएगी शरीर में ताकत आ जाएगी और दिमाग बहुत तेज हो जाएगा।

घुटने के दर्द में आराम मिलता है
तिल अलसी हाली राई मेवे और नारीयल बारीक कूटकर तिल का तेल डालकर गर्म करें। और इसे थोड़ा ठंडा हो जाने पर घुटने पर बांध दें। करीब दो माह के नियमित रूप से उपयेाग करने से जोड़ों के दर्द में आराम मिलता है।

गैस का दर्द समाप्त करता है
अगर आपके पेट में गैस बनती है और आप इसके दर्द से परेशान हैं तो आप सौ ग्राम तिल २५ ग्राम सूखी अदरक ५० ग्राम अखरोट की गिरी तीनों को कूटकर मीठा पानी में मिला लें और नियमित रूप से कुछ दिन तक खाएं। गैस का दर्द होना समाप्त हो जाएगा।

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घर पर बनी इस खीर को खाने का आपका मन बार बार करेगा

नमस्कार मैं हूं योगी योगेन्द्र जैसा की आप जानते हैं कि राजस्थान उत्तरप्रदेश और बिहार में परंपरागत रूप से गुड़ की खीर बनाई जाती है और यह खाने में बहुत ही स्वादिष्ट होती है। आज हम आपको गुड़ की खीर बनाना सिखाएंगे।



सामग्री
चावल १५० ग्राम। गुड़ बारीक टुकड़ों में ३०० ग्राम। फुल क्रीम दूध दो लीटर। काजू बादाम बीस बीस नग। किशमिश चार चम्मच। इलायची दस नग।

सबसे पहले क्या करें
गुड़ की खीर बनाने के लिए एक बड़े बर्तन में दूध को उबालने के लिए रख दें और जब तक दूध उबलने लगे तब तक काजू बादाम को बारीक टुकड़ों में काटकर तैयार करें और इलाचयी को छीलकर पाउडर बना लें। ये सब करने से पहले चावलों को साफ कर के दो घंटे के लिए पानी में भिगोकर रख दीजिये।

खीर बनाने की विधि
जब दूध में उबाल आने लगे तो चावलों से पानी निकाल कर दूध में मिला दें और चमचे से चलाते रहें और आग धीमी रखें। इस बात का विशेष ध्यान रखें कि खीर को चलाते रहें वरना यह जलने लग जाती है। दूसरे बर्तन में एक कप पानी में गुड़ को डालकर गैस पर रख दीजिये ओर गुड़ के पूरी तरह पानी में घुल जाने पर गैस बंद कर दीजिये।

खीर को तैयार कैसे करें
जब चावल मुलायम हो जाए तो खीर में सूखे मेवे मिला दें और इलायची पाउडर भी डाल दें। आप इस बात का विशेष ध्यान रखें कि चावल में दूध अच्छे से मिल जाने चाहिए और खीर को ठंडा होने पर इसमें गुड़ का घोल छलनी से छानकर मिला दीजिये और काजू बादाम से सजा कर परोसें।

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इस तरह बनाए पापड़ की सब्जी आपका बार बार खाने का मन करेगा

नमस्कार मैं हूँ आपका दोस्त योगी योगेन्द्र आज मैं आपको राजस्थानी पापड़ की सब्जी बनाने का ऐसा तरीका बताऊंगा की आपका बार बार इस सब्जी को खाने का मन करेगा | ये काफी स्वादिस्ट और चटपटी होती है | चपाती और परांठे दोनों के साथ ही खाई जा सकती है|


आवश्यक सामग्री
2 नाग पापड़ और आधा कप दही | एक पिसा हुआ टमाटर और एक हरी मिर्च |एक इंच अदरक का टुकड़ा | 2 चम्मच तेल और बारीक कटा हुआ हर धनिया |एक चम्मच कसूरी मेथी |मसालों में एक चौथाई चम्मच जीरा हींग पीसी हुई हल्दी पिसा हुआ धनिया लाल मिर्च पाउडर और स्वादानुसार नमक |

बनाने कि विधि
पापड़ की स्वादिष्ट सब्जी बनाने के लिए आप पापड़ को तेल में तल भी सकते हैं और गैस पर भून भी सकते हैं | इसके बाद आप दही में आधा कप पानी मिलाकर अच्छी तरह से फैट लीजिए और किसी कड़ाई में दो चम्मच तेल डालकर तेल को गर्म होने दीजिए | इसके बाद तेल में जीरा डालकर भुने जीरा भुन जाने के बाद आप इसमें पिसी हुई हल्दी धनिया और कसूरी मेथी डाल दे | थोड़ा सा भुनने के बाद टमाटर अदरक और पिसी हुई हरी मिर्च तीनों का पेस्ट बनाकर डाल दीजिए | ऊपर से लाल मिर्च डाल दें और मसालों को तब तक भूने जब तक मसाले तेल से अलग ना हो जाए | मसाला अच्छी तरह भुन जाने पर उसमें 200 ग्राम पानी डाल दें और इसको ढक कर ग्रेवी तैयार कर लें | अब पापड़ के टुकड़े करके ग्रेवी में मिलाकर 2 मिनट तक पकाएं |

दही का कैसे इस्तेमाल करें
जब इसमें उबाल आने लगे तो इस में दही को चलाते हुए डालें इस बात का विशेष ध्यान रखें कि दही डालने के बाद हमें ग्रेवी को लगातार चलाते रहना है नहीं तो नहीं फट जाएगा और नमक उबाल आने के बाद ही डालें उसके बाद इसमें बारीक कटा हुआ हरा धनिया डाल दें | सब्जी को चेक करें सब्जी बन कर तैयार है इसको किसी बरतन में निकाल लीजिए और आप इस पर हरा धनिया सजाकर चपाती या परांठे के साथ सर्व कर सकते हैं अगर आप चाहे तो इसमें कटे हुए प्याज का भी इस्तेमाल कर सकते हैं |आपको ये जानकारी कैसी लगी कमेंट में लिखें अगर अच्छी लगी हो तो लाइक और शेयर जरूर कीजिएगा | इसी तरह की पोस्ट पढ़ते रहने के लिए हमसे जुड़ने के लिए आप मुझे फॉलो करें धन्यवाद |

घर पर बने इस हलवे को खाने का आपका बार बार मन करेगा

नमस्कार मैं हूं योगी योगेन्द्र। जैसा कि आप जानते हैं कि राजस्थान में बेसन का हलवा जो पारंपरिक तरीके से बनाया जाता है वह खाने में इतना स्वादिष्ट होता है कि आपका बार बार खाने का मन करता है। वैसे तो यह हलवा कई तरीके से बनाया जाता है। लेकिन आज हम आपको जो तरीका बताएंगे उससे यह बहुत ही जल्दी बन जाता है।

आवश्यक सामग्री
दो कप बेसन दो कप दूध दो कप चीनी १५० ग्राम घी सात आठ नग इलायची एक चम्मच पिस्ता।

बनाने की शुरूआत कैसे करें
बेसन को सबसे पहले दूध में चिकना होने तक घोलते रहें और फिर इस घोल को पांच दस मिनट के लिए रख दें। इलायची को छीलकर उसका पाउडर बना लें और पिस्ता को भी काट लें। पैन नॉनस्टिक हो तो ज्यादा अच्छा होता है। आप घी डालकर गर्म करें और थोड़ा सा घी बचा लें। जब घी गर्म हो जाए तो उसमें बेसन का घोल डालें और दो तीन मिनट तक मध्यम आग में भूनें। जब यह नीचे से ब्राउन हो जाए तो बेसन को पलट दें।

बनाने की विधि
बेसन को दूसरी ओर भी दो मिनट घोल लें और चमचे की सहायता से मैस करते हुए लगातार चलाते रहें। जब हलवा ब्राउन होने लगे और अच्छी महक आने लग जाए तो समझ लो यह भुनकर तैयार हो गया है। भुनने के बाद बेसन में एक कप पानी और चीनी डालकर मिला दें। अब हलवे को कलछी से चलाते हुए पकाइये जब तक कि यह गाढ़ा न हो जाए या इससे घी अलग न हो जाए।

कैसे परोसें
जब हलवा बन जाए तो इसे एक कटोरी में निकाल कर जो थोड़ा घी हमने बचाया था वह इसमें ऊपर से डाल दें और पिस्ते के टुकड़े डालकर सजा दें। गर्म गर्म खाने में स्वादिष्ट लगता है। दोस्तों आपको यह जानकारी कैसी लगी कमेंट बॉक्स में लिखें। अच्छी लगी तो लाइक और शेयर करें। ऐसी ही अन्य पोस्ट पढ़ते रहने के लिए और हमसे जुड़े रहने के लिए हमें फॉलो करें। धन्यवाद।

इस चटनी के आगे सब सब्जियां फेल

नमस्कार मैं हूं योगी योगेन्द्र जैसा कि आप जानते हैं कि अगर चपाती और सब्जी के अलावा खाने में चटनी मिल जाए तो खाने का स्वाद बढ़ जाता है। चटनी कई प्रकार की होता है आज हम आपको ऐसी चटनी के बारे में बताएंगे जिसके बारे में आपने पहले नहीं सुना होगा।


आवश्यक सामग्री
आधा कप बेसन आधा कप खट्टा दही बारीक कटा हुआ हरा धनिया दो हरी मिर्च एक अदरक का टुकड़ा दो बड़े चम्मच तेल आधी चम्मच राई एक चुटकी हींग आधा चम्मच से कम लाल मिर्च पाउडर चीनी एक छोटी चम्मच नमक स्वादानुसार।

शुरूआत कैसे करें
सबसे पहले एक बर्तन में बेसन और दही का घोल तैयार करें। इस घोल को अच्छी तरह फेंट लें। ताकि इसमें गुठलियां खत्म हो जाए और घोल चिकना बन जाए। इसके बाद इसमें दो तीन कप पानी डाल दें और इसका चलाते हुए अच्छी तरह से मिक्स कर लें।

बनाने की विधि

कढ़ाई में तेल डालकर गर्म करें और थोड़ा सा तेल अलग बचा लें। तेल गर्म होने पर राई डाल दें और थोड़ी सी राई भी बचा लें। राई के भुनने पर इसमें हींग डालें और दही बेसन का घोल डाल दें। गैस को तेज कर दें। इसे लगातार चलाते हुए अच्छेे से उबाल आने तक पकाएं। उबाल आने पर इसमें नमक चीनी थोड़ी सी लाल मिर्च डालकर धीमी आंच पर छह सात मिनट तक पकाएं और बीच बीच में चलाते रहें।

कैसे परोसें
चटनी बनकर तैयार हो गई गैस बंदकर दें और चटनी को किसी बर्तन में निकाल लें। इसका स्वाद बढ़ाने के लिए एक बार फिर से पैन में थोड़ा सा तेल गर्म करके राई डालकर फिर से तड़का लगा दें। ऊपर से बची हुई लाल मिर्च डाल दें और हरा धनिया डालकर इसे डोसा इडली के साथ भी खाया जा सकता है। दोस्तों आपको यह जानकारी कैसी लगी कमेंट में लिखें। अच्छी लगी तो लाइक और शेयर जरूर करें। ऐसी ही अन्य पोस्ट पढ़ते रहने के लिए और हमसे जुड़े रहने के लिए हमें फॉलो करना नहीं भूलें धन्यवाद।

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